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रिंगिंग बेल्स ने किया ऐलान- 2 लाख फ्रीडम 251 फोन तैयार



नोएडा: दुनिया का सबसे सस्ता 251 रुपये वाला फ्रीडम 251 मोबाइल फोन बनकर तैयार हो गया है। नोएडा की स्टार्टअप कंपनी रिंगिंग बेल्स प्राइवेट लिमिटेड ने कहा कि उस पर ऐसे आरोप लगाए गए कि इस कीमत पर फोन उपलब्ध नहीं किया जा सकता और कंपनी के विरुद्ध प्राथमिकी भी दर्ज कराई गई, लेकिन आखिरकार कंपनी ने फोन तैयार कर लिया है।
कंपनी के संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहित गोयल ने यहां सेक्टर-62 में अपने कार्यालय में कहा कि कंपनी अपना वादा पूरा करने में सफल रही है। गोयल के मुताबिक हम करीब दो लाख फ्रीडम 251 फोन के साथ तैयार हैं। उन्होंने कहा कि प्रथम चरण की आपूर्ति (दो लाख) करने के बाद फिर से इस फोन के लिए पंजीकरण शुरू किया जाएगा।
कंपनी ने इस साल फरवरी मध्य में 30 जून से पहले 25 लाख फोन की आपूर्ति करने की योजना बनाई थी। कंपनी को हालांकि तीन दिन के अंदर सात करोड़ से अधिक पंजीकरण मिले और आखिरकार कंपनी के पेमेंट गेटवे ने काम करना बंद कर दिया। उन्होंने कहा कि हमने 4 इंच का दो सिम वाला फोन आपूर्ति करने के लिए तैयार कर लिया है।
गोयल ने कहा कि अभी उन्हें हर फोन पर 140-150 रुपये का घाटा हो रहा है, लेकिन अधिक संख्या में बेचने पर लाभ मिल सकता है। यह फोन 3जी को सपोर्ट करता है। इसमें 1.3 गीगाहर्ड्ज क्वोड-कोर प्रोसेसर, 1 जीबी रैम और 8 जीबी इंटरनल मेमोरी और 32 जीबी एक्सटर्नल मेमोरी कोर्ड को सपोर्ट करने की सुविधा है। आईएएनएस को हालांकि कोई फोन नहीं दिया गया। सिर्फ फोन की तस्वीर लेने की सुविधा दी गई। फोन का रियर कैमरा 8 मेगापिक्सेल (फ्लैश सहित) का और फ्रंट कैमरा 3.2 मेगापिक्सेल का है। यह एंड्रायड 5.1 (लॉलीपॉप) पर चलता है। फोन काले और सफेद रंग में उपलब्ध है।
कंपनी जुलाई के प्रथम सप्ताह में 32 इंच का हाई डिफनीशन एलईडी टेलीविजन भी लांच करना चाहता है। इसका नाम भी फ्रीडम रखा गया है। गोयल ने कहा कि यह भारत का सबसे सस्ता टेलीविजन सेट होगा, जो 10 हजार रुपये से कम कीमत में उपलब्ध कराया जाएगा। सिर्फ दो दिन के भीतर आपूर्ति की जाएगी। हम इसे ऑनलाइन माध्यम से बेचेंगे।

फ़ोन में वायरस से निपटने के क्या हैं उपाय



आपका स्मार्ट फ़ोन हर समय इंटरनेट से कनेक्टेड रहता है और ये सिर्फ एक कारण है कि उसमे वायरस का ख़तरा हमेशा बना रहता है. कभी कभी हैकरों के कारण आपके स्मार्ट फ़ोन में वायरस भी पहुंच सकता है.
अक्सर ये सलाह होती है कि अगर वायरस है तो आपके स्मार्ट फ़ोन को फ़ैक्ट्री रिसेट करना पड़ेगा ताकि उसे पूरी तरह से दूर किया जा सके.
फ़ैक्ट्री रिसेट करने में दिक्कत ये है कि आपका सभी डेटा-गेम्स, फ़ोटो, मैसेज स्मार्ट फ़ोन से मिट जाता है.
आइये आपको वायरस से बचने के कुछ तरीक़े बताते हैं ताकि अगर फ़ैक्ट्री रिसेट करना भी पड़े तो वो आपका अंतिम विकल्प हो.


पहले तो ये देखिए कि वायरस की परेशानी क्या सिर्फ उसी समय होती है जब आप एक ऐप चलाते हैं?
क्या आपने गूगल प्ले स्टोर के अलावा कहीं से कोई ऐप डाउनलोड किया था?
और, क्या ये परेशानी तब शुरू हुई जब आपने कोई ऐप डाउनलोड किया था?
अगर आपका जवाब इनके लिए 'हां' है तो आपको वायरस के लिए चेक करना पड़ेगा.
सबसे पहले एंटी वायरस इनस्टॉल करके अपने स्मार्ट फ़ोन को स्कैन कर लीजिए.
स्मार्ट फ़ोन के लिए सबसे जाना मान एंटी-वायरस ऐप में कई नाम आ सकते हैं. उनमें से अगर आप कोई एक चुनना चाहते हैं तो यहां पर और जानकारी मिल जाएगी.


एंड्राइड स्मार्ट फ़ोन को 'सेफ़ मोड' में भी बूट किया जा सकता है. जिसके बाद धीरे धीरे आप फ़ाइल चुन करके उन्हें डिलीट कर सकते हैं.
जब स्मार्ट फ़ोन सेफ़ मोड में चलेगा तो सभी ऐप काम करना बंद कर देते हैं और उनका डेटा कनेक्शन बंद हो जाता है. ऐसा आपके डिवाइस की सुरक्षा के लिए किया जाता है.
एंड्राइड 4.0 या उसके बाद के ऑपरेटिंग सिस्टम में आप आसानी से स्मार्ट फ़ोन को सेफ़ मोड में बूट कर सकते हैं. लेकिन उससे पुराने डिवाइस के साथ भी ऐसा किया जा सकता है.
एंड्राइड 4.0 या उसके पहले के ऑपरेटिंग सिस्टम अपनी डिवाइस को ऑफ़ कर दीजिए. अपने डिवाइस के ऑन-ऑफ़ बटन को थोड़ी देर तक दबा कर रखिए.
जब आपको अपने स्मार्ट फ़ोन का लोगो दिखता है तो वॉल्यूम ऊपर और नीचे वाले बटन को दबा कर रखिए जब टेक डिवाइस की बूटिंग पूरी नहीं हो जाती. उसके बाद आप सेफ़ मोड में होंगे.


एंड्राइड 4.0 के बाद के ऑपरेटिंग सिस्टम के लिए अपने डिवाइस के ऑन-ऑफ बटन को दबा कर रखिए जब तक एक पॉप अप नहीं दिखाई देता है.
उसके बाद आपको ओके को क्लिक करना होगा जिससे आपका डिवाइस सेफ़ मोड में बूट होगा.
उसके बाद आप अपने उन फ़ाइल को डिलीट कर सकते हैं जिन्हें आपको नहीं चाहिए. सबसे बढ़िया होगा कि आपने जो भी ऐप डाउनलोड किए हैं उन्हें डिलीट कर दीजिए.
उसके बाद वायरस की परेशानी तुरंत काबू में आ जाएगी.

मोबाइल का पैटर्न लॉक या पिन भूल जाएं तो..


अगर गलती से कभी आप अपने स्मार्टफ़ोन का पैटर्न लॉक या पिन भूल जाएं तो फिर क्या करना चाहिए?
ऐसा किसी के साथ हो सकता है जब कोई काफ़ी लम्बे समय तक इस्तेमाल किये जाने वाले पासवर्ड या पिन को बदलता है. नए पासवर्ड या पिन को उसके बाद याद करना मुश्किल हो जाता है.
अभी तक फिंगरप्रिंट पासवर्ड लोगों में बहुत लोकप्रिय नहीं हुए हैं. ढेरों फ्री ऐप होने के बाद भी लोगों को स्मार्टफ़ोन पर अपने डेटा को सुरक्षित रखने के लिए ये तरीका बहुत पसंद नहीं आया है.
आप पासवर्ड, पिन या पैटर्न लॉक भूल जाएं तो आपके पास स्मार्टफ़ोन को फैक्ट्री रिसेट करने का एक विकल्प होता है.
फैक्ट्री रिसेट का फायदा ये होता है कि अगर आपको डेटा से ज़्यादा अपने स्मार्टफ़ोन की चिंता है, तो इसका इस्तेमाल तुरंत काम करता है.
लेकिन उससे स्मार्टफ़ोन पर स्टोर किया पूरा डेटा बेकार हो जाएगा. लेकिन इस समस्या को सुलझाने के और भी तरीके हो सकते हैं.

पासवर्ड भूल जाने की स्थिति में एंड्राइड डिवाइस मैनेजर आपके काम आएगा. स्मार्टफ़ोन पर अगर आपने गूगल अकाउंट लॉग इन किया हुआ है तो उसकी मदद से आप अपने एंड्राइड डिवाइस को मैनेज कर सकते हैं.
स्क्रीन पर दिख रहे 'लॉक' बटन को क्लिक कीजिये, जिसके बाद आपको नया पासवर्ड देने का विकल्प दिखाई देगा. बस उसे टाइप कीजिये और फिर करीब पांच मिनट में आपका काम हो जाएगा.
अगर आप पैटर्न लॉक इस्तेमाल करते हैं तो एंड्राइड डिवाइस में 'फॉरगॉट पैटर्न' का एक विकल्प होता है. पांच बार अगर आपने गलत पैटर्न इस्तेमाल किया तो स्क्रीन पर 'ट्राई अगेन इन 30 मिनट्स' लिखा दिखाई देगा.
इस समय नीचे 'फॉरगॉट पैटर्न' लिखा भी दिखाई देगा. उसको क्लिक कीजिये और फिर आपको अपने गूगल अकाउंट के डिटेल को एंटर करना पड़ेगा. आपके पैटर्न लॉक के बारे में गूगल से आपको कभी भी ईमेल नहीं आएगा.


सेफ़ मोड में स्मार्टफ़ोन को बूट करने से भी आप लॉक हो गए स्क्रीन का हल निकाल सकते हैं. ये तब सबसे बढ़िया काम करता है जब आपने स्क्रीन को लॉक करने के लिए कोई ऐप डाउनलोड किया हो.
एंड्राइड के ज़्यादातर स्मार्टफोन को आप सेफ़ मोड में बूट कर सकते हैं. जब आप स्क्रीन पर ऑन-ऑफ करने के लिए बटन दबाएंगे तो स्क्रीन पर ये सवाल होगा कि क्या आप स्मार्टफोन को सेफ मोड में बूट करना चाहते हैं? ओके करते ही ये सेफ मोड में बूट हो जाएगा.
उसके बाद स्क्रीन को लॉक करने वाला ऐप थोड़ी देर के लिए डिसएबल हो जाता है. उसे एक बार अनइंस्टॉल कर दीजिये और स्मार्टफोन को फिर से ऑफ करके ऑन कर दीजिये.
सैमसंग स्मार्टफोन में 'फाइंड माई मोबाइल' नाम की सर्विस होती है. अगर आपने सैमसंग अकाउंट सेटअप किया हुआ है तो आपको किसी ब्राउज़र से उस पर लॉग इन करना होगा. लॉग इन करने के बाद बाईं तरफ 'लॉक माई स्क्रीन' दिखाई देगा.

यहाँ पर आपको नया पिन एंटर करना होगा और उसके बाद 'लॉक' पर क्लिक करना होगा. अगले दो-तीन मिनट में आपकी स्क्रीन का पासवर्ड बदल जाएगा और आप अपने डिवाइस पर काम कर सकेंगे. लेकिन अगर आपने सैमसंग अकाउंट नहीं बनाया है तो ये काम नहीं करेगा.




टेलीनॉर कंपनी लाएगी सबसे सस्ती कीमत पर 4जी सेवा

टेलीनॉर कंपनी लाएगी सबसे सस्ती कीमत पर 4जी सेवा

टेलीकॉम कंपनियों में 4जी सेवाओं को लेकर प्राइस वॉर छिड़ी हुई है. इसी प्राइस वॉर में टेलीनॉर भी कूद पड़ी है. आज 4जी सर्विसेज के लिए नॉर्वे की टेलीकॉम कंपनी टेलीनॉर की भारतीय यूनिट ने कहा कि वह इस हाई-स्पीड सेवा के लिए सबसे कम दरों यानी सबसे सस्ती दरों पर सेवाएं मुहैया कराएगी. कंपनी ने कहा कि वह अपने ब्रांड अभियान सबसे सस्ता के तहत सबसे सस्ती सेवा प्रदान करेगी.

टेलीनॉर इंडिया कम्युनिकेशंस के मुख्य कार्यकारी शरद मेहरोत्रा ने यहां 4जी सेवा का शुभारंभ किए जाने के बाद कहा कि टेलीनॉर इंडिया आम लोगों के बाजार की ऑपरेटर है और कंपनी सबसे सस्ती सेवा देने को प्रतिबद्ध है. हमने अपनी सबसे सस्ता की स्थिति को जारी रखेंगे. अब ग्राहक डिजिटल एक्सपीरिएंस चाहते हैं. यही वजह है कि इस एलटीई खंड में उतरे हैं.

टेलीनॉर पहले ही वाराणसी में नैरो बैंड 4जी सर्विस प्रदान कर रही है जिसके तहत औसत डाउनलोड स्पीड 2 मेगाबिट प्रति सेकेंड की है. कंपनी 1 जीबी 4जी डेटा 149 रुपये व 2जीबी डेटा 249 रुपये में दे रही है. ये दूसरे टेलीकॉम ऑपरेटर के मुकाबले में लगभग आधा है. हालांकि, टेलीनॉर की प्रतिद्वंद्वी कंपनियां अधिक स्पीड वाली पूरी 4जी सेवा का वादा कर रही हैं. शरद मेहरोत्रा ने कहा कि मौजूदा खिलाड़ियों के साथ लागत के मोर्चे पर प्रतिस्पर्धा तथा रिलायंस जियो की 4जी सर्विस में एंट्री उसके लिए प्रमुख चुनौती है.
अब मोबाइल में रखें आधार कार्ड, एप से हुआ काम आसान

अब मोबाइल में रखें आधार कार्ड, एप से हुआ काम आसान

नई दिल्लीः आधार कार्ड एक ऐसा सरकारी डॉक्यूमेंट बन गया है जिसकी जरूरत गाहे बगाहे हर इंसान को पड़ती ही रहती है. हालांकि आधार कार्ड का बड़ा साइज इसे हर जगह साथ रखने में बड़ी दिक्कत बना हुआ है. इसी दिक्कत को दूर करने के लिए यूआईडीएआई (यूनीक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड) ने आधार का एप लॉन्च कर दिया है. इस एप के जरिए आप अपने आधार कार्ड को अपने मोबाइल फोन में रख पाएंगे. एप के जरिए आधार की डिटेल्स को अपने मोबाइल फोन में सुरक्षित रख पाएंगे.

कैसें पाएं अपने फोन में आधार कार्ड
इसके लिए अपने स्मार्टफोन से गूगल प्ले स्टोर जाएं और आधार मोबाइल (aadhar mobile) टाइप करें. इसके बाद एप के सर्च में आ जाने के बाद इस अपने फोन में इंस्टॉल कर लें. एप इंस्टॉल होते ही इसमें अपने आधार नंबर, नाम और पिन कोड की जानकारी फीड कर दें. ये सूचना भरने के बाद आधार एप की तरफ से एक मैसेज आधार सर्वर पर भेजा जाएगा और जैसे ही वहां से आपकी डिटेल्स वैरीफाइड हो जाएंगी आपकी फोटो के सहित आपकी सारी जानकारी एप पर दिखाई देने लगेंगी. आप इस एप के जरिए आप ब्ल्यूटूथ और व्हाट्सएप्प के जरिए शेयर भी कर सकते हैं.

अब सवाल ये उठता है कि आधार एप से आपको फायदे क्या होंगे तो ये जान लें कि इस एप के होने से बैंक आसानी से आधार कार्ड का ऑनलाइन वैरिफिकेशन कर पाएंगे और आपका केवाईसी भी अपडेटेड रहेगा. इससे आपको बैंक में खाता खुलवाना हो या बीमा, म्युचुअल फंड में निवेश करना हो, सभी काम आसानी से हो जाएंगे. आपको हर जगह आधार कार्ड लेकर जाने की जरूरत नहीं है. इतना ही नहीं अगर वोट डालने के लिए जा रहे हैं तो फोन में आधार कार्ड को दिखाएं और आसानी से वोटिंग कर लें. सरकारी सूत्रों के मुताबिक अब तक देश में 99 करोड़ आधार कार्ड जारी कर चुके हैं तो इस एप के भी पॉपुलर होने के पूरे आसार हैं.