दरअसल,सारंगपुर में घर के बाहर खेल रही अढ़ाई साल की बच्ची पीहू की किडनैपिंग होने की शिकायत उसकी मां ने पुलिस के पास की जिसके बाद पुलिस ने तलाश शुरु कर दी लेकिन हकीकत कुछ और ही निकली। जो मां पीहू के गायब होने पर रो रही थी, पुलिस ने उसी के खिलाफ कत्ल का केस दर्ज किया है।
पुछताछ में अारोपी महिला ने बताया कि बच्ची का कसूर सिर्फ इतना था कि उससे चीनी गिर गई थी जिसपर मंजू ने गुस्से में पीहू को थप्पड़ मारा, जिससे उसका सिर दीवार से टकराया अौर बच्ची की मौत हो गई। पति रामेश्वर की डांट से बचने के लिए मंजू ने बेटी की किडनैपिंग का सारा ड्रामा रचा। इसके बाद मंजू ने प्लान बनाया कि पीहू काे किसी ने किडनैप कर लिया है। इसके बाद बेटी के शव को एक थैले में पैक किया और इंडस्ट्रियल एरिया में फेंक आई। पति के लौटने पर शोर मचाया कि बेटी गायब है। पुलिस ने मंजू को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ सबूत मिटाने की धारा के तहत भी केस दर्ज किया गया है। वहीं मंजू के इकबाले जुर्म के मुताबिक पुलिस सी.सी.टी.वी. कैमरों की रिकॉर्डिंग चैक कर रही है ताकि पता लग सके कि कहीं मंजू के थैला लेकर जाते हुए फुटेज कैद है या नहीं।
वहीं डी.एस.पी. सतीश कुमार ने बताया कि मंजू ने आर्थिक तंगी के चलते बच्ची को मारा है । उसकी 2 बेटियां 2 बेटे थे जिसमें ये सबसे छोटे वाली बेटी थी। मंजू ने सारंगपुर किसान भवन का ऑटो लिया अौर बच्ची के शव को इंडस्ट्रियल एरिया में फैंका।